HP & Dell Laptop Price Hike Alert: अगले महीनों में महंगे होंगे लैपटॉप

HP & Dell Laptop: भारत में आने वाले कुछ महीनों में लैपटॉप खरीदने वाले ग्राहकों के लिए जेब ढीली करनी पड़ सकती है। बाजार विश्लेषकों और डिस्ट्रीब्यूटर्स के अनुसार कच्चे माल की लागत, आयात शुल्क और डॉलर के मुकाबले रुपये की कमजोरी के कारण कई कंपनियां अपने डिवाइस महंगे करने की तैयारी में हैं। इसका असर खास तौर पर HP, Dell जैसे लोकप्रिय ब्रांड्स पर दिख सकता है, क्योंकि इनकी बिक्री का बड़ा हिस्सा भारत जैसे प्राइस-सेंसिटिव मार्केट से आता है।

HP & Dell Laptop: कीमत क्यों बढ़ सकती है: असली वजहें क्या हैं

टेक इंडस्ट्री से जुड़े सूत्रों के अनुसार पिछले कुछ महीनों में सेमीकंडक्टर कॉस्ट, मेमोरी चिप और बैटरी सेल की कीमतें बढ़ी हैं। साथ ही शिपिंग चार्ज और ग्लोबल सप्लाई चेन लागत भी ऊपर गई है। इसी वजह से कंपनियों का हार्डवेयर प्रोडक्शन खर्च बढ़ रहा है। कंपनियां लंबे समय तक नुकसान में बिक्री नहीं कर सकतीं, इसलिए आने वाले क्वार्टर में नई प्राइस लिस्ट लागू होने की संभावना बताई जा रही है।

भारत में बिकने वाले ज्यादातर लैपटॉप कंपोनेंट्स आयात किए जाते हैं। डॉलर मजबूत होने पर इंपोर्ट महंगा हो जाता है, जिसका सीधा असर MRP पर पड़ता है। पिछले साल तक कंपनियां स्टॉक क्लियर करने के लिए ऑफर और डिस्काउंट दे रही थीं, लेकिन अब नए स्टॉक महंगे दाम पर आएंगे।इंडस्ट्री एक्सपर्ट का कहना है कि एंट्री-लेवल सेगमेंट में 3% से 8% तक और मिड-रेंज मॉडल्स में 5% से 12% तक बढ़ोतरी संभव है। खासकर Windows laptop price और SSD storage cost में बढ़ोतरी इस ट्रेंड को तेज कर सकती है।

यूजर्स क्या करें: खरीदें अभी या इंतजार करें

टेक रिटेलर्स का मानना है कि अगर आप नया डिवाइस लेने की योजना बना रहे हैं तो अगले कुछ हफ्तों में खरीदना ज्यादा समझदारी हो सकती है। मौजूदा स्टॉक पर अभी भी डिस्काउंट मिल रहा है, जो नई प्राइस लागू होने के बाद कम हो सकता है।कंपनियां नई जनरेशन के प्रोसेसर और AI-based features वाले मॉडल्स लॉन्च करने की तैयारी में हैं। जैसे ही नए मॉडल आएंगे, पुराने मॉडल की कीमत कम होने की जगह स्थिर या बढ़ भी सकती है क्योंकि लागत बढ़ चुकी होगी।

कंज्यूमर के लिए कुछ जरूरी सुझाव:

  • जरूरत के हिसाब से कॉन्फिगरेशन चुनें, ओवर-स्पेक न लें
  • RAM upgrade और external storage बाद में करना सस्ता पड़ सकता है
  • त्योहार सेल या बैंक ऑफर पर नजर रखें
  • लंबी वारंटी लेने से भविष्य खर्च कम होगा

इस समय processor upgrade trend, कीमत बढ़ोतरी, और आयात शुल्क प्रभाव जैसे फैक्टर पूरे टेक मार्केट को प्रभावित कर रहे हैं। आने वाले महीनों में यह ट्रेंड स्मार्टफोन और टैबलेट सेगमेंट तक भी फैल सकता है।कुल मिलाकर, टेक मार्केट एक नए प्राइस साइकल में प्रवेश कर रहा है। ऐसे में समझदारी यही है कि खरीदारी जरूरत और बजट देखकर समय पर की जाए, क्योंकि आने वाले समय में सस्ते लैपटॉप मिलना मुश्किल हो सकता है।

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